Class 12th Chapter 10 ll PART 01 ll हैलोएल्केन एवं हैलोएरीन ll परिभाषा
Class 12th Chapter 10 ll हैलोएल्केन एवं हैलोएरीन ll PART 01
प्रश्न - हैलो एल्केन किसे कहते हैं ? हैलो एल्केन का वर्गीकरण कीजिए।
उत्तर - हैलो एल्केन - ऐसे कार्बनिक योगिक जिनमें एल्किल समूह के साथ हैलोजन परमाणु जुड़ा रहता है, एल्किल हैलाइड या हेलो एल्केन कहलाते हैं।
अथवा
एल्केन(R-H) के हाइड्रोजन परमाणु को हैलोजन परमाणु (X) द्वारा प्रतिस्थापित करने पर जो योग बनते हैं एल्किल हैलाइड कहलाते हैं।
हैलो एल्केन का वर्गीकरण -
हेलो एल्केन को निम्न प्रकारों में वर्गीकृत किया गया है -
A. मोनो एल्किल हैलाइड - कार्बन की प्रकृति के आधार पर एल्किल हैलाइड निम्न तीन प्रकार के होते हैं -
1. प्राथमिक एल्किल हैलाइड
2. द्वितीयक एल्किल हैलाइड
3. तृतीयक एल्किल हैलाइड
B. पॉली एल्किल हैलाइड - इन्हें निम्न प्रकारों में बांटा गया है -
1.डाइ एल्किल हैलाइड - यह निम्न दो प्रकार के होते हैं -
a.विष डाइ हैलाइड
b.जैम डाइ हैलाइड
2. ट्राइ एल्किल हैलाइड
3.टेट्रा एल्किल हैलाइड
प्रश्न - कार्बन की प्रकृति के आधार पर मोनो एल्किल हैलाइड कितने प्रकार के होते हैं ? उदाहरण सहित समझाइए।
अथवा
प्राथमिक, द्वितीयक एवं तृतीयक एल्किल हैलाइड किसे कहते हैं ? उदाहरण सहित समझाइए।
उत्तर - कार्बन की प्रकृति के आधार पर मोनो एल्किल हैलाइड निम्न तीन प्रकार के होते हैं -
1. प्राथमिक एल्किल हैलाइड - ऐसे मोनो एल्किल हैलाइड, जिनमें हैलोजन परमाणु प्राथमिक कार्बन से जुड़ा रहता है ,प्राथमिक एल्किल हैलाइड कहलाता है।
जैसे - CH3Cl , CH3-CH2-Cl
2. द्वितीयक एल्किल हैलाइड - ऐसे मोनो एल्किल हैलाइड, जिनमें हैलोजन परमाणु द्वितीयक कार्बन से जुड़ा रहता है ,द्वितीयक एल्किल हैलाइड कहलाता है।
जैसे - CH3-CH(CH3)-Cl- आइसो प्रोपिल क्लोराइड
3. तृतीयक एल्किल हैलाइड - ऐसे मोनो एल्किल हैलाइड, जिनमें हैलोजन परमाणु तृतीयक कार्बन से जुड़ा रहता है ,तृतीयक एल्किल हैलाइड कहलाता है।
जैसे - तृतीयक ब्यूटिल क्लोराइड CH3-(CH3)-C-(CH3)-Cl
प्रश्न - प्राथमिक, द्वितीयक एवं तृतीयक कार्बन किसे कहते हैं।
उत्तर - 1. प्राथमिक कार्बन परमाणु - वह कार्बन परमाणु जिसके साथ दो या तीन हाइड्रोजन परमाणु जुड़े रहते हैं, प्राथमिक कार्बन परमाणु कहलाता है।
2. द्वितीयक कार्बन परमाणु - वह कार्बन परमाणु जिसके साथ एक हाइड्रोजन परमाणु जुड़ा रहता है, द्वितीयक कार्बन परमाणु कहलाता है।
3. तृतीयक कार्बन परमाणु - वह कार्बन परमाणु जिसके साथ कोई भी हाइड्रोजन परमाणु जुड़ा नहीं रहता है, तृतीयक कार्बन परमाणु कहलाता है।
प्रश्न - पॉली एल्किल हैलाइड किसे कहते हैं ? उदाहरण सहित समझाइए।
अथवा
बहु हैलोजन यौगिक किसे कहते हैं ? उदाहरण देकर समझाइए।
उत्तर - पॉली एल्किल हैलाइड - ऐसे एल्किल हैलाइड जिनमें एक से अधिक हैलोजन परमाणु उपस्थित होते हैं ,पॉली एल्किल हैलाइड कहलाते हैं ।
यह निम्न तीन प्रकार के होते हैं -
1. डाई एल्किल हैलाइड - ऐसे ऐसे पॉली एल्किल हैलाइड जिनमें दो हैलोजन परमाणु उपस्थित रहते हैं डाई एल्किल हैलाइड कहलाता है।
यह निम्न दो प्रकार के होते हैं -
A. विष डाइ हैलाइड - ऐसे डाई एल्किल हैलाइड जिनमें दोनों हैलोजन परमाणु अलग-अलग कार्बन पर उपस्थित रहते हैं ,विष डाइ हैलाइड कहलाता है ।
उदाहरण - Cl-CH2-CH2-Cl(एथिलीन डाई क्लोराइड)
B. जैम डाइ हैलाइड - ऐसे डाई एल्किल हैलाइड जिनमें दोनों हैलोजन परमाणु एक ही कार्बन पर उपस्थित रहते हैं , जैम डाइ हैलाइड कहलाता है ।
उदाहरण - CH3-CH(Cl)-Cl (एथिलीडीन क्लोराइड)
2. ट्राई एल्किल हैलाइड - ऐसे पॉली एल्किल हैलाइड जिनमें तीन हैलोजन परमाणु उपस्थित रहते हैं ,ट्राई एल्किल हैलाइड कहलाता है।
उदाहरण -
CHCl3 (क्लोरोफॉर्म)
CHBr3 (ब्रोमोफॉर्म)
CHI3 (आयडोफॉर्म)
3.टेट्रा एल्किल हैलाइड - ऐसे पॉली एल्किल हैलाइड जिनमें चार हैलोजन परमाणु उपस्थित रहते हैं ,टेट्रा एल्किल हैलाइड कहलाता है।
उदाहरण -
CCl4 (कार्बन टेट्राक्लोराइड)
CCl2F2 (क्लोरोफ्लोरोकार्बन)
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